रोटरी क्लब के छह दिवसीय एक्यूप्रेशर स्वास्थ्य शिविर का उद्घाटन
एक्यूप्रेशर स्वास्थ्य शिविर ब्लड प्रेशर, मोटापा, साइटिका, थायराइड, जोड़ों का दर्द, अस्थमा, गठिया और माइग्रेन के मरीजों के लिए फायदेमंद
22 दिसंबर से 27 दिसंबर तक आयोजित शिविर में आधुनिक और सुरक्षित वैकल्पिक चिकित्सा पद्धति से होगा इलाज

सुपौल। इंजीनियरिंग कॉलेज के समीप छह दिवसीय एक्यूप्रेशर स्वास्थ्य शिविर का रोटरी क्लब ने सोमवार को शुरुआत की। रोटरी क्लब के अध्यक्ष राघवेंद्र झा, डॉ. राजाराम गुप्ता, नीरज किशोर प्रसाद ने संयुक्त रूप से शिविर का उद्घाटन किया। शिविर का आयोजन राम मनोहर लोहिया आरोग्य जीवन संस्थान राजस्थान की मदद से आयोजित हो रहा है। यह शिविर 22 दिसंबर से 27 दिसंबर तक के लिए है। शिविर में राजस्थान के प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. एमए चैयनन और अनुभवी थैरेपिस्ट पीके पहारियान अपनी विशेषज्ञ टीम के साथ मरीज का उपचार कर रहे हैं। ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, पेट संबंधी समस्या, मोटापा, साइटिका, थायराइड, जोड़ों का दर्द, अस्थमा, गठिया और माइग्रेन से पीड़ित मरीजों के लिए शिविर लाभप्रद है। रोगियों का उपचार एक्यूप्रेशर सुजोक,

वाइब्रेशन और मैग्नेट थेरेपी जैसी आधुनिक व सुरक्षित वैकल्पिक चिकित्सा पद्धतियों से किया जा रहा है। यह उपचार बिना दवा के शरीर के प्राकृतिक चिकित्सा शक्ति को सक्रिय करता है। सिविल का पंजीयन शुल्क मात्र 100 रुपया रखा गया है। पहले दिन लगभग 75 मरीज ने इस चिकित्सा पद्धति से स्वास्थ्य लाभ लिया। चिकित्सक डॉ.एमए चैयनन ने जानकारी देते हुए बताया कि एक्यूप्रेशर एक पारंपरिक उपचार तकनीक है। इसमें शरीर के विशिष्ट बिंदुओं पर हल्का दबाव डाला जाता है। एक्यूप्रेशर बिंदु ऊर्जा प्रवाह को उत्तेजित करता है। दर्द से राहत, तनाव कम करने और समग्र स्वास्थ्य में सुधार करने में मदद करता है। मैग्नेट थेरेपी एक वैकल्पिक उपचार पद्धति है। इसमें दर्द कम करने और रक्त संचार सुधारने के लिए चुंबकों का उपयोग किया जाता है। खासकर गठिया, पीठ दर्द और सिरदर्द जैसी समस्याओं में फायदा देता है। रोटरी क्लब के सचिव रवि जैन ने कहा कि रोटरी क्लब सुपौल आम जनों के हितों के लिए प्रतिबद्ध और समर्पित है। मौके पर रोटेरियन डॉ. कन्हैया प्रसाद सिंह, गौरव कुमार, प्रशांत कुमार, प्रिंस कुमार, संजीत अग्रवाल, बृजकिशोर मिश्रा, प्रज्ञा प्रीति, अजय कांत झा, जितेंद्र जैन, अमित आनंद, डॉ.सीताराम, सरोज कुमार झा सहित कई उपस्थित रहे।
